बुलंदशहर:उत्तर प्रदेश पुलिस के “ऑपरेशन कन्विक्शन” अभियान के तहत बुलंदशहर पुलिस ने प्रभावी पैरवी कर एक दुष्कर्म के मामले में आरोपी को सजा दिलाई है। कोर्ट ने अभियुक्त पंकज पुत्र कलुआ निवासी ज्ञानलोक कॉलोनी, थाना सिकन्द्राबाद को 2021 में एक नाबालिग लड़की को बहला-फुसलाकर दुष्कर्म करने के मामले में 10 वर्ष के कारावास और 27,000 रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई गई है।
थाना पुलिस को दी शिकायत के मुताबिक, वर्ष 2021 में पंकज ने सिकन्द्राबाद थाना क्षेत्र में नाबालिग लड़की के साथ रेप की वारदात को अंजाम दिया था। तहरीर के आधार पर 21 जनवरी 2021 को थाना सिकन्द्राबाद में मुकदमा संख्या 38/21, धारा 363, 366, 376 भादवि और 3/4 पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया था। पुलिस ने 24 मार्च 2021 को माननीय न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल किया। ऑपरेशन कन्विक्शन के तहत मॉनिटरिंग सेल बुलंदशहर ने मजबूत पैरवी के साथ अभियोजन की कार्यवाही पूरी कराई। पांच गवाहों की गवाही हुई। 28 जून 2025 को न्यायाधीश मनोज कुमार सिंह (पॉक्सो-01 कोर्ट, बुलंदशहर) ने पंकज को दोषी ठहराते हुए 10 साल की जेल और 27,000 रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई। अभियोजक भरत शर्मा, मॉनिटरिंग सेल प्रभारी निरीक्षक यशपाल सिंह, पैरोकार हेड कांस्टेबल उमेश कुमार और कांस्टेबल अरविंद चौधरी की भूमिका सराहनीय रही।
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