गाजियाबाद/बुलंदशहर: गाजियाबाद के वेव सिटी थाना क्षेत्र में पुलिस ने मुठभेड़ में कुख्यात अपराधी बलराम ठाकुर को मार गिराया। बलराम अनिल दुजाना गैंग का सक्रिय सदस्य था और उस पर 50,000 रुपये का इनाम घोषित था। इस मुठभेड़ को पुलिस कमिश्नर जे रविंदर गौड़ के नेतृत्व में गाजियाबाद पुलिस की पहली बड़ी कार्रवाई माना जा रहा है। बलराम ठाकुर बुलंदशहर के लिए भी अपराध का पर्याय बना हुआ था।
रंगदारी और दहशत का आतंक:
बलराम ठाकुर ने दो दिन पहले ही वेव सिटी क्षेत्र में मदन स्वीट्स और एक लोहा कारोबारी से लाखों रुपये की रंगदारी मांगकर इलाके में दहशत फैला दी थी। उसका आपराधिक इतिहास क्षेत्र में आतंक का पर्याय बन चुका था।
पुलिस की बड़ी कार्रवाई:
गाजियाबाद क्राइम ब्रांच की स्वाट टीम, जिसका नेतृत्व इंस्पेक्टर अनिल राजपूत और एडीसीपी क्राइम पीयूष सिंह कर रहे थे। उन्होंने गुप्त सूचना के आधार पर बलराम ठाकुर को वेव सिटी के एक अंडरपास के पास घेर लिया। मुठभेड़ के दौरान बलराम ने पुलिस पर ताबड़तोड़ फायरिंग की, जिसका पुलिस ने मुंहतोड़ जवाब दिया। इस गोलीबारी में बलराम ठाकुर गंभीर रूप से घायल हो गया और बाद में उसकी मौत हो गई।
पुलिस कमिश्नर का सख्त रुख:
पुलिस कमिश्नर जे रविंदर गौड़ ने इस ऑपरेशन को अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई का हिस्सा बताया। उन्होंने कहा, “ऐसे कुख्यात अपराधियों के खिलाफ हमारी कार्रवाई निरंतर जारी रहेगी। गाजियाबाद को अपराध मुक्त और सुरक्षित बनाने के लिए पुलिस कोई कसर नहीं छोड़ेगी।”
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