भारत गोयल
जहांगीराबाद: दुष्यंत चौधरी हत्याकांड के तीनों आरोपियों को पकड़कर पुलिस ने घटना का खुलासा कर दिया है। तीसरे फायर में दुष्यंत की कनपटी पर गोली मार जान ली गई। एक बार फिर घटना के खुलासे को लेकर “खबर बुलन्दशहर” की खबर तथ्यवार सही रही है। दुष्यंत के सगे ताऊ, जो कि रिश्ते में उसके सगे मौसा भी लगता है, ने ही 40 हजार रुपये की सुपारी देकर पर उसकी हत्या करवाई थी। दुष्यंत की 10 बीघा जमीन हड़पने का लिए ताऊ ने हत्याकांड का षडयंत्र रचा। पुलिस ने अपने स्तर से ही मुकदमा दर्ज कर हत्याकांड में शामिल बलराज, नितिन और रणजीत को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।

पुलिस की गिरफ्त में आरोपी, फ़ोटो
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सुपारी के लिए 10 हजार दिए एडवांस, बाकि किश्तों में पेमेंट
पुलिस ने बताया कि बलराज ने नितिन को बतौर पेशगी 10 हजार रुपये दिए थे। इसके बाद हजार दो हजार रुपये की किश्त में पमेंट की गई। पेमेंट पूरा होने पर नितिन और रणजीत ने मिलकर दुष्यंत की हत्या कर दी।
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घटना से पहले पिलाई थी शराब
घटना वाले दिन नितिन दुष्यंत को अपने साथ लेकर ग्यारह मील स्थित शराब के ठेके पर गया था और वहां दोनों ने शराब पी। इसके बाद नितिन योजना के तहत चांदौक पहुंचा और ठेके से शराब खरीदी। इसके बाद घटनास्थल पर ही तीनो ने मिलकर शराब पी। दुष्यंत पर नशा हावी होता देख रणजीत और नितिन ने उस पर तमंचे से फायर कर दिया।
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इस तरह किए तीन फायर, कनपटी पर गोली मार ले ली जान
पहला फायर रणजीत ने किया जो मिस हो गया। उसके बाद भी दुष्यंत जब जान बचाने के लिए भागा। फिर दूसरी गोली नितिन ने मारी जो दुष्यंत के पेट में पार हो गई। इसके बाद दुष्यंत खेत मे ही गिर गया और रणजीत ने दोबारा तमंचा लोड कर उसकी कनपटी में गोली मारकर उसे मौत के घाट उतार दिया।

मृतक दुष्यंत चौधरी, फाइल फोटो

बाइक के पीछे “S” मार्क से हुई पहचान
नितिन जिस बाइक से दुष्यंत को लेकर शराब के ठेके और घटनास्थल पर पहुंचा उसके पीछे लिखे “S” लिखा हुआ था। पुलिस को शराब के ठेके और अन्य स्थान पर सीसीटीवी फुटेज में इस बाइक पर लिखे इस “S” से ही घटना के खुलासे की पहली सीढ़ी पुलिस चढ़ पाई।
झाड़ियों से बरामद दोनों तमंचे
पुलिस ने बताया कि घटना को अंजाम देकर नितिन और रणजीत ने तमंचे घटनास्थल के पास स्थित रजवाहे के किनारे झाड़ियों में फेंक दिए थे। जिन्हें पुलिस ने हत्यारोपियों की निशानदेही पर बरामद कर लिया है। घटना में प्रयुक्त दोनों बाइक भी गांव से ही बरामद हुई हैं।
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